श्री जैन श्वे. खरतरगच्छ संघ मुंबई में धर्म आराधना का ठाठ लगा
By JAHAJMANDIR
धर्म नगरी मुंबई में श्री जैन श्वे. खरतरगच्छ संघ मुंबई के तत्वावधान में आयोजित पू. साध्वी श्री सुलोचनाश्रीजी म. की शिष्या पू साध्वी डाँ. श्री प्रियश्रद्धांजनाश्रीजी म., प्रियश्रेष्ठांजनाश्रीजी म. की पावन निश्रा में धर्म आराधना का ठाठ लगा हैै।
ता. 3 अगस्त 2014 को नेम राजुल के जीवन चरित्र पर आधारित नाटिका का मंचन किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत में विठल वाडी प्रांगण से बाजते गाजते नेम कुंवर की बारात निकाली गयी।
बारात गोडवाल भवन पहुच कर धर्मसभा में परिवर्तित हुयी। प्रवचन के पश्चात बालक बालिकाओं द्वारा नेमकुमार के जीवन से जुडी विभिन्न घटनाओं का सटीक मंचन किया। जिसमें प्रियंवदा दासी द्वारा जन्म की बधाई, कृष्ण महाराजा एवं सत्यभामा व रुक्मणी रानी द्वारा नेम कुंवर को विवाह हेतु मनाना, नेम कुंवर का बारात लेकर आना, पशुओं का आक्रंद सुन अपनी बारात मोडना, नेम कुमार और राजुल के बीच का संवाद, राजुल का बोध एवं संयम लेने का निर्णय तथा राजुल और नेम कुमार का गिरनार की ओर प्रस्थान जैसे विभिन्न द्रश्यों को देख कर उपस्थित जन समुदाय भाव विभोर हो गया।
10 अगस्त जैन जीवन शैली पर आधारित अदभूत MEGA EXHIBITION का आयोजन कपोल वाडी में किया गया। जहाँ गर्भपात, इलेक्ट्र‚निक उपकरणों के उपयोग, नरक की गतियाँ, जीवहत्या, अभक्ष्य अनन्तकाय, आठ कर्म, सप्त व्यसन जैसे विभिन्न विषयों पर बच्चों द्वारा वस्तु प्रदर्शन एवं वक्तव्य द्वारा प्रेरणा. साथ ही खरतरगच्छिय परंपरा से अवगत कराया गया। 1200 व्यक्तियों द्वारा इस प्रदर्शनी का लाभ लिया गया. सभी ने इस प्रदर्शनी को खूब सराहा. इस प्रदर्शनी की विशेषता थी कि इसका सम्पूर्ण प्रस्तुतीकरण 6 से 15 वर्ष के बच्चों द्वारा किया गया था. यह प्रदर्शन अपने आप में अनूठा था क्योंकि इस तरह का आयोजन समस्त दक्षिण मुंबई में पहली बार किया गया था।
15 अगस्त स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर देशभक्ति गीत प्रतियोगिता का आयोजन किया गया. जहा 60 से अधिक बच्चों ने देशभक्ति के गीतों से समस्त प्रांगण गुंजायमान हो गया।
17 अगस्त को श्री मणिधारी युवा परिषद्, मुंबई द्वारा महा चमत्कारी दादागुरुदेव के महापूजन का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम में स्वामीवात्सल्य एवं मुख्य पीठिका का लाभ बाडमेर निवासी श्री चम्पालालजी रिखबचंदजी श्रीश्रीमाल परिवार देवडा वालों ने लिया।